जुगसलाई नगर पालिका में डाक्टर की कमी के चलते बहुत से गरीब जरूरतमंद लोगों का इलाज नहीं हो पा रहा है कमरा नं 14 मै सिर्फ और सिर्फ एक ही डाक्टर है वह दो डाक्टर होना चाहिए। कियु की इतना ज्यादा मरीजों का भिड़ रहता है कि बोलिए मत एक मरीज को डाक्टर से चेकअप कराने के लिए दो से तीन घंटे लाइन पर खड़ा होना पढ़ता है। तब जाकर कहीं वह डाक्टर को दिखा पा रहे है और एक डॉक्टर भी अकेला कितना देखें गे जहां दो डाक्टर का जरुरत है वहां एक है और 14 नम्बर में ही ज्यादा तर भिड़ रहता है। बाकी जगह पर एक एक डॉक्टर मौजूद है परन्तु जहां ज्यादा भिड़ रहता है वहां डाक्टर सिर्फ एक है दिनांक 02/05/2024 को मिशन जन कल्याण के अध्यक्ष रुपेश शर्मा ने खुद जुगसलाई नगर पालिका का जायजा लिया। तो यह खबर मिला डाक्टर तो आते है परन्तु दो से तीन दिन में उनका ट्रांसफर कर दिया जाता है। इस के पीछे जुगसलाई के ही रसूखदार और पॉलीटिशियन का हाथ है। अगर डॉक्टर नगर पालिका में रहेगा तो ज्यादा से ज्यादा लोग जुगसलाई नगर पालिका में ही दिखायेंगे। तो साफ़ जाहिर है जितने भी प्राईवेट डाक्टर अपना किलिनिक खोल कर बैठे हुवे है। उनका दुकान पर असर पड़ता है।
परन्तु पैसे वाले को कोई दिक्कत नही वहां कहीं भी इलाज करा लेंगे परन्तु गरीब जरूरतमंद कहा जायेंगे। इस तरफ भी सरकार को ध्यान केंद्रित करना चाहिए। और ऐसे लोगों के उपर कड़ी से कड़ी कार्रवाई होना चाहिए। जो डाक्टर को टिकने नहीं देते है।
और जो डाक्टर है उन के उपर काफी लोड रहता है हमने यहां ख़ुद देखा जो डाक्टर एक बार बैठते हैं वह हील नहीं सकते है
झारखंड आज तक
रुपेश शर्मा
मुख्य सम्पादक