सेवा में,
आदरणीय माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी भारत सरकार नई दिल्ली
द्वारा,
श्रीमान उपायुक्त महोदय पूर्वी सिंहभूम जमशेदपुर
विषय:- बागबेड़ा ग्रामीण जला पूर्ति योजना को धरातल पर उतरने एवं बागबेड़ा, किताडीह, हरहरगुट्टू एवं परसोडीह को नगर परिषद बनाने या जुगसलाई नगर पालिका में शामिल करने की मांग को लेकर एकदिवसीय धरना प्रदर्शन के माध्यम से मांग पत्र सौपने के संबंध में,,
महाशय,
न्रम निवेदन है कि बागबेड़ा महानगर विकास समिति के अध्यक्ष सुबोध झा के नेतृत्व में 2005 से क्रमबद्ध बागबेड़ा की विभिन्न समस्याओं को लेकर 599 बार धरना प्रदर्शन भूख हड़ताल विधानसभा घेराव जैसे बड़े आंदोलन किए गए हैं, कई समस्याओं का समाधान भी हुआ है, परंतु बागबेड़ा ग्रामीण जला पूर्ति योजना की मांग को बड़े पैमाने पर जन आंदोलन के मांग को पूरा करते हुए,भाजपा सरकार के पूर्व मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास जी ने ग्रामीण जला पूर्ति योजना के लिए 237 करोड़ 21 लाख रूपया की सुकृति दिए थे, जिसमें मुख्य रूप से वर्ल्ड बैंक से 50% केंद्र सरकार से 33% राज्य सरकार से 16% एवं जनता जनार्दन से 1% सामान्य वर्ग से 450 रुपया और एसी, एसटी ₹225 रुपए का योगदान प्राप्त है, और स्वयं पूर्व मुख्यमंत्री माननीय रघुवर दास जी के द्वारा 18 अप्रैल 2015 को शिलान्यास कर कार्य को 3 साल में पूरा कर पानी देने का वादा किया गया था, विभाग एवं कॉन्टैक्टर के द्वारा काम भी पूरा नहीं हुआ जनता को पानी भी नहीं मिला फंड समाप्त (गमन )हो गई, ठीक उसी प्रकार से बागबेड़ा हाउसिंग कॉलोनी जला पूर्ति योजना के फिल्टर प्लांट के मरम्मती कारण के लिए पूर्व मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास जी सरकार ने 2016 में 21 लाख 63 हजार रुपया स्वीकृत हुआ था, किसी भी प्रकार काम नहीं किया गया पूरे फंड का गमन हो गया, बागबेड़ा कॉलोनी की 1140 घरों की जनता दो विभाग आदित्यपुर डिविजन एवं जमशेदपुर डिविजन एवं दो पंचायत बागबेडा हाउसिंग कॉलोनी एवं बागबेड़ा मध्य काँलोनी पंचायत के चक्कर में गंदा पानी पीने पर मजबूर हो गई, और फिल्टर प्लांट के मरम्मत नहीं होने के करण फिल्टर प्लांट भी धवस्त हो गई, दोनों योजनाओं को पूरा नहीं किए जाने को लेकर जमशेदपुर से दिल्ली पदयात्रा समिति की ओर से की गई रास्ते में श्री हेमंत सोरेन की सरकार ने लिखित आश्वासन देकर आंदोलन को स्थगित कराया, झूठ लिखित आश्वासन एवं स्वीकृत 237 करोड़ रूपया और 21 लाख 63000 रुपए के गमन एवं गंदा पानी पिलाऐ जाने को लेकर सूचना के अधिकार के तहत दोनों योजनाओं की सारी रिपोर्ट मांगी गई, स्पष्ट सूचना उपलब्ध नहीं कराऐ जाने के विरोध में झारखंड हाई कोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई,, कोर्ट के आदेश पर पुनः भारत सरकार के जल जीवन मिशन के तहत बागबेड़ा हाउसिंग कॉलोनी के 20000 जनता के लिए एक करोड़ 88 लाख 69 हाजार 710 से फिल्टर प्लांट निर्माण के लिए फंड सरकार द्वारा सुकृति हुई, और बागबेडा ग्रामीण जला पूर्ति योजना से 2 लाख 25000 जनता को पानी पिलाने के लिए 50 करोड़ 58 लाख की सुकृति झारखंड हाई कोर्ट के आदेश पर भारत सरकार के जल जीवन मिशन के तहत उपलब्ध कराया गया, 26 जुलाई 20 24 तक घर-घर पानी देने का वादा किया गया था, और दोनों योजना का मेंटेनेंस 5 वर्ष तक एजेंसी के द्वारा ही करना है, 11 वर्ष से जनता बूंद बूंद पानी के लिए तरस रही है,
अतः श्रीमान से आग्रह उपरोक्त सभी मांगों को यथाशीघ्र पूरा किया जाए, 11 जनवरी के धरना में आगे की आंदोलन की घोषणा की जाएगी,,l
मुख्य मांगे,,
1 ) बागबेड़ा महानगर विकास समिति बरसों से आंदोलन करते आ रही है, इस योजना को धरातल पर उतर जाए और दूसरों के सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए,,
2 ) बागबेड़ा , घाघीडीह, करंनडी, परसुडी, किताडीह को जुगसलाई नगर पालिका में जोड़ा जाए या ,बागबेड़ा नगर परिषद का गठन कर पंचायत से हम सभी को हटाया जाए और और मौलिक सुख सुविधा उपलब्ध कराई जाए,
3,) स्टेशन से बागबेडा बडौदा घाट जाने के क्रम में बीच में पडने वाली पुलिया का निर्माण यथाशीघ्र कराया जाए,
4, ) जिला प्रशासन बागबेडा, घाघीडीह, किताडीह के सभी बस्तियों में जब तक ग्रामीण जला पूर्ति योजना पूरी नहीं हो जाती है, टाटा स्टील के जुस्को, तारापुर कंपनी, एवं पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के 30 टैंकरों से प्रत्येक दिन पानी की व्यवस्था विभिन्न बस्तियों में उपलब्ध कराई जाए,
5 ) बागबेड़ा हाउसिंग कॉलोनी फिल्टर प्लांट निर्माण के साथ फिल्टर प्लांट की सुरक्षा हेतु फिल्टर प्लांट की बाउंड्री वॉल की जाए,
6 ) बागबेड़ा हाउसिंग कॉलोनी के रोड नंबर एक रोड नंबर दो रोड नंबर 3 में आज 5 वर्षों से 300 से ऊपर घरों में पानी नहीं आ रही है सभी की जांच कर पानी उपलब्ध कराया जाए,
6 ) बागबेड़ा के रामनगर गांधीनगर एवं अन्य बस्तियों में बागबेड़ा ग्रामीण जला पूर्ति योजना के तहत पाइपलाइन नहीं बिछाया गया है, ग्रामीण जला पूर्ति योजना से पानी चालू करने से पहले सभी बस्तियों में पाइप लाइन बिछाई जाएं और घर-घर कनेक्शन दिए जाएं,
8 ) बागबेड़ा ग्रामीण जला पूर्ति योजना के तहत किए गए निर्माण कार्य अत्यंत घटिया मटेरियल एवं कला ईट नहीं लगाना था पर घटिया किस्म का मटेरियल लगाया गया है, फिल्टर प्लांट का निर्माण भी नहीं हुआ फिल्टर प्लांट ध्वस्त हो रहे हैं, पानी टंकी का निर्माण भी सही रूप से नही किया गया है, इंटेक बेल का भी निर्माण कार्य सही रूप से नहीं किया गया है, बागबेड़ा के बडौदा घाट में पाइपलाइन पार करने के लिए पाया का निर्माण किया गया है पिछली बारिश में एक पाया नदी में गिर गई थी, यह भी अब जांच का मामला है,
धन्यवाद, भवदीय
प्रतिलिपि सुबोध झा
1, महामहिम राष्ट्रपति अध्यक्ष महोदिया भारत सरकार नई दिल्ली,
2, माननीय मुख्य न्यायाधीश सुप्रीम कोर्ट नई दिल्ली
3, माननीय मुख्यमंत्री झारखंड सरकार रांची
4, माननीय मुख्य न्यायाधीश झारखंड हाई कोर्ट रांची
5, माननीय मुख्य सचिव महोदय झारखंड सरकार रांची