वाहेगुरु जी का खालसा
वाहेगुरु जी की फ़तह .
एक लंबे अरसे से चल रहे बारीडीह गुरुद्वारा साहिब के प्रधान पद के विवाद का आज पटाक्षेप हो गया, सीजीपीसी की दूरदर्शिता और बुद्धिमता पूर्ण निर्णय, साध संगत की समझदारी और धैर्यपूर्ण सहयोग काबिलेतारीफ़ है, आख़िर विवादास्पद गुरुद्वारों में प्रधान पद का चुनाव कराना ही विवेकपूर्ण निर्णय है.जिसकी पैरवी मैं महीनों से करता आ रहा हूँ लेकिन पता नहीं क्यों सीजीपीसी मेरी सलाह पर उचित ध्यान क्यों नहीं दे रही थी . ख़ैर देर आए दुरुस्त आए वाली कहावत चरितार्थ हो ही गई. मुझे विश्वास है कि बाक़ी बचे गुरुद्वारों में भी जल्द से जल्द चुनाव कराना ही एकमात्र विकल्प है सीजीपीसी मेरी बातों से सहमत होगी मुझे पूरी उम्मीद है.
तारा सिंह
मुख्य सेवादार
गुरुद्वारा साहिब
सोनारी जमशेदपुर
झारखंड आज तक
अमरजीत सिंह
रिपोर्टर